टाटा मोटर्स के 25 इंजीनियरों के लिए सर्टिफेटक कोर्स का शुभारंभ
एमिटी विश्वविद्यालय के एमिटी इंस्टीटयूट ऑफ टेक्नेालॉजी और एमिटी टेक्नीकल प्लेसमेंट सेंटर द्वारा टाटा मोटर्स के 25 इंजीनियर प्रतिभागियों के कौशल को विकसित करने के लिए ऑटोइलेक्ट्रीकल एंड इलेक्ट्रोनिक्स के सर्टिफिकेट पाठयक्रम (14 दिसंबर 2024 से 29 मार्च 2025) का आयोजन किया गया। इस सर्टिफिकेट कोर्स का शुभारंभ टाटा मोटर्स के स्किल एंड डेवलपमेंट प्रमुख मार्शल फ़र्नान्डिस, आपॅरेशन प्रमुख पुनित कुमार, एमिटी विश्वविद्यालय की वाइस चांसलर डा बलविंदर शुक्ला, टाटा मोटर्स के मानव संसाधन विभागके प्रमुख सरफराज़, एमिटी इंस्टीटयूट ऑफ टेक्नेालॉजी के प्रमुख प्रो विवेक कुमार, एमिटी विश्वविद्यालय के एडिशनल प्रो वाइस चांसलर डा एस के खत्री और एमिटी टेक्नीकल प्लेसमेंट सेंटर के उप निदेशक डा अंजनी कुमार भटनागर द्वारा किया गया।
इन प्रतिभागियो का चयन टाटा मोटर्स द्वारा किया गया जिन्हे एमिटी विश्वविद्यालय में नवीनतम पुनः कौशल विकास का सैद्धांतिक और प्रयोगिक प्रशिक्षण प्रदान किया जायेगा।

सर्टिफिकेट कोर्स का शुभारंभ करते हुए टाटा मोटर्स के स्किल एंड डेवलपमेंट प्रमुख श्री मार्शल फ़र्नान्डिस ने कहा कि यह टाटा मोटर्स का द्वितीय बैच है वर्तमान में हो रहे इलेक्ट्रिक वाहनों के विकास व नवचार के अनुरूप प्रतिभागियो के कौशल और ज्ञान को बढ़ाने एमिटी में इस कोर्स का आयोजन किया जा रहा है। मोटर्स उद्योग में हो रही क्रांति में इलेक्ट्रिक वाहनों ने बृहद भूमिका निभाई है ऐसे मे सुरक्षा, आरामदायक सफर, कम खर्च आदि क्षेत्रों में नवाचारों हो रहे है। आपसे से बहुत से ऐसे होगें जिन्होनें अपनी इंजीनियरिंग कुछ वर्षो पहले पूरी की होगी आज इसमें काफी नये परिवर्तन हो रहे है जिसकी जानकारी होना आवश्यक है। इस पाठयक्रम को करने के उपरांत आपके व्यवसायिक विकास में अवश्य सहायता प्राप्त होगी।

एमिटी विश्वविद्यालय की वाइस चांसलर डा बलविंदर शुक्ला ने कहा कि एमिटी और टाटा समूह का संबंध काफी पुराना है और कई सालो से हम मिलकर कार्य कर रहे है। दोनो संस्थानों द्वारा कई क्षेत्रों में पहल की गई है और यह सर्टिफिकेट कोर्स उसी पहल की अगली कड़ी है। वाहन एवं इंजन के क्षेत्र में तकनीकी ने काफी प्रगती की है किंतु उसकी बुनियाद मैकेनिकल इंजीनियरिंग है जिसके बगैर किसी भी वाहन का निर्माण संभव नही है।
प्रकृति से मिले ईंधन के संसाधन जैसे पेट्रोल डीजल सीमित है इसलिंए प्रकृति को स्चच्छ रखने वार्ले इंधनो ंसे चलने वाले वाहनों की मांग बढ़ी है। आपका सदैव आधुनिक तकनीकों से लैस होना आवश्यक है जिससे नवाचार को बढ़ावा मिल सके। राष्ट्र निर्माण के योगदान में एमिटी और टाटा सदैव तत्पर है इस प्रशिक्षण कार्यक्रम से ना केवल कौशल विकसित होगा बल्कि देश विकसित भारत के मिशन की ओर अग्रसर भी होगा।
टाटा मोटर्स के आपॅरेशन प्रमुख पुनित कुमार ने कहा कि पिछले बैच जिन्होनें इस पाठयक्रम को सफलतापूर्वक पूर्ण किया उन्हे काफी लाभ हुआ इसलिए आपके कौशल को नवीनतम जानकारियों से पुन विकसित करने हेतु आपको यह अवसर प्रदान किया गया है। श्री कुमार ने कहा कि विश्व में वाहन तकनीकी के क्षेत्र में लगातार बदलाव हो रहे है ऐसे में इस प्रकार के पाठयक्रमों की मांग बढ़ रही है।
टाटा मोटर्स के मानव संसाधन विभाग के प्रमुख सरफराज़ ने कहा कि प्रतिभागियों के प्रारंभ किये गये इस लघु अवधि के पाठयक्रम से आपके कौशल में नये आयाम स्थापित होगे और कैरियर को नये विस्तार प्राप्त होगे। उन्होनें कहा कि विशेषज्ञों द्वारा प्राप्त जानकारी का लाभ उठाये और कभी भी प्रश्न पूछनें में हिचक महसूस ना करें।
एमिटी इंस्टीटयूट ऑफ टेक्नेालॉजी के प्रमुख प्रो विवेक कुमार ने कहा कि इस सर्टिफिकेट कोर्स के अंर्तगत टाटा मोटर्स के 25 प्रतिभागीयों को सैद्धातिक और प्रयोगिक जानकारी प्रदान की जायेगी। स्न 2023 में देश में इलेक्ट्रिक वाहनों की ब्रिकी में लगभग 50 प्रतिशत की बढ़ोत्तरी हुई है। इसके अतिरिक्त लगभग 12200 चार्जिंग स्टेशन देश में है जिनकी संख्या 2030 तक लगभग 46000 के पार होगी। प्रो कुमार ने सरकारी इसेंटिव, नवीकरणीय उर्जा आदि की विस्तृत जानकारी दी।
कार्यक्रम के अर्तगत आज विशेषज्ञों में सोनीपत के प्लग एंड राइड मोटर्स प्राइवेट लिमिटेड के संस्थापक जफर इकबाल और ग्रेटर नोएडा के त्सुयो एमएफजी प्राइवेट लिमिटेड के आर एंड डी एंड मार्केटिंग के सीईओ एंव संस्थापक श्री विजय कुमार ने जानकारी प्रदान की।


