यूएसए के 18 विश्वविद्यालयों के प्रतिनिधिमंडल ने किया एमिटी विश्वविद्यालय का दौरा
नोएडा। एमिटी विश्वविद्यालय के छात्रों को वैश्विक अनावरण प्रदान करने के लिए और आपसी सहयोग की संभावनाओं पर विचार करने के लिए यूएस इंडिया एजुकेशन फांउडेशन के सहयोग से आज यूएसए के 18 विश्वविद्यालयों के प्रतिनिधिमंडल ने एमिटी विश्वविद्यालय का दौरा किया। इस प्रतिनिधिमंडल का स्वागत एमिटी शिक्षण समूह के संस्थापक अध्यक्ष डा अशोक कुमार चौहान, एमिटी ग्रूप् वाइस चांसलर डा गुरिंदर सिंह और एमिटी साइंस टेक्नोलॉजी एंड इनोवेशन फांउडेशन के अध्यक्ष डा डब्लू सेल्वामूर्ती द्वारा किया गया। इस अवसर पर एमिटी विश्वविद्यालय के छात्रो ने प्रतिनिधिमंडल के सदस्यों से यूएस विश्वविद्यालयों में प्रवेश, छात्रवृत्ती, पाठयक्रम आदि की जानकारी हासिल की।

इस प्रतिनिधिमंडल में यूएसए के इलिनोइस इंस्टीटयूट ऑफ टेक्नोलॉजी, कोलोराडो स्टेट विश्वविद्यालय, वर्जिनिया कॉमनवेल्थ विश्वविद्यालय, नोवा साउथइर्स्टन विश्वविद्यालय, एरिजोना स्टेट विश्वविद्यालय, फुल सेल विश्वविद्यालय, इंडियाना यूनिवर्सिटी पडर्यू इंडियापोलिस, डेपॉल विश्वविद्यालय, यूनिवर्सिटी ऑफ मेसाचुसेट्स लोवेल, रॉचेस्टर इंस्टीटयूट ऑफ टेक्नोलॉजी, यूनिवर्सिटी ऑफ एरिजोना, एनवाययू टंडन स्कूल ऑफ इजिनियरिंग, यूनिवर्सिटी ऑफ न्यू हेवन, यूनिवर्सिटी ऑफ उताह, ब्रेडले विश्वविद्यालय, न्यूयार्क फिल्म एकेडमी, यूनिवर्सिटी ऑफ रॉचेस्टर, यूनिवर्सिटी ऑफ सैन फ्रैसिसको सहित यूएस इंडिया एजुकेशन फांउडेशन के सदस्य भी शामिल थे। इस अवसर पर संस्थानों के प्रतिनिधियों ने छात्रों को पाठयक्रम, छात्रवृत्ती संबधित विस्तृत जानकारी प्रदान की।

एनवाययू टंडन स्कूल ऑफ इजिनियरिंग के एडमिशन एम्बेस्डर श्री अभ्यूदय पाई ने कहा कि हमारे संस्थान में विश्व के विभिन्न देशो से बड़ी संख्या में छात्र प्रवेश लेते है। हम इंजिनियरिंग के विभिन्न क्षेत्र जैसे मैकेनिकल, बायोमेडिकल इंजिनियरिंग, बायोतकनीकी और कंप्यूटर साइंस आदि विषयों में अग्रणी है इसके अतिरिक्त छात्रों को व्यवसाय प्रारंभ करने के लिए इंक्यूबेशन सेंटर की सुविधा और छात्रवृत्ती भी प्रदान करते है।
इलिनोइस इंस्टीटयूट ऑफ टेक्नोलॉजी के श्री अशुमान सिंह ने कहा कि हमे छात्रों के जीआरई स्कोर की आवश्यकता नही है। हमारे यहा कंप्यूटर साइंस, डेटा साइंस, सूचना प्रौद्योगिकी, कृषि, पर्यावरण, व्यापार, अर्थशास्त्र आदि क्षेत्रों में पाठयक्रम का संचालन होता है जहां छात्रों के लिए उच्च शिक्षा व शोध के अवसर उपलब्ध है।
एमिटी शिक्षण समूह के संस्थापक अध्यक्ष डा अशोक कुमार चौहान ने छात्रों से कहा कि यह बहुत ही महत्वपूर्ण कार्यक्रम है जो आपके जीवन में बृहद परिवर्तन का कार्य करेगा। एमिटी छात्रों को वैश्विक नागरिक बनाने के लिए उन्हे वैश्विक अनावरण प्रदान करता है। आपको पूर्व और पश्चिम का बेहतरीन ज्ञान देकर वैश्विक नेतृत्व का अवसर प्रदान किया जाता है। डा चौहान ने कहा कि एमिटी के विभिन्न स्टडी अब्राड कार्यक्रम के तहत यूएस के विश्वविद्यालयों में प्राप्त किया गया शिक्षण, आपके वैश्विक विचार को उन्नत करेगा।
एमिटी ग्रूप् वाइस चांसलर डा गुरिंदर सिंह ने कहा कि आज का यह कार्यक्रम आपको यूएसए के विश्वविद्यालयों में प्राप्त अवसरों को समझने में सहायक होगा। आज बड़ी संख्या में एमिटी के छात्र विभिन्न कार्यक्रम जैसे थ्री कांटीनेंट प्रोग्राम, स्टडी अब्राड कार्यक्रम, डयूल डिग्री, टिविनींग कार्यक्रम के अंर्तगत विदेश के प्रख्यात विश्वविद्यालय में शिक्षण प्राप्त कर रहे और लांभावित हो रहे है। हम यूएसए के 18 विश्वविद्यालयों के साथ ऑर्टिक्यूलेशन और पाथवे कार्यक्रम, थ्री कांटीनेंट प्रोग्राम, फैकल्टी एक्सचेंज कार्यक्रम, डयूल या संयुक्त डिग्री प्रदान करना, संयुक्त पीएचडी और अनुसंधान पहल सहित इंडिया इर्मशन कार्यक्रम में सहयोग करने के पर विचार कर रहे है।
इस अवसर पर एमिटी विश्वविद्यालय उत्तरप्रदेश की वाइस चांसलर डा बलविंदर शुक्ला, एमिटी साइंस टेक्नोलॉजी एंड इनोवेशन फांउडेशन के अध्यक्ष डा डब्लू सेल्वामूर्ती इंटरनेशनल अफेयर डिविजन के डिप्टी डायरेक्टर जनरल रियर एडमिरल आलोक भटनागर और एमिटी स्कूल ऑफ इंजिनियरिंग एंड टेक्नोलॉजी के संयुक्त प्रमुख डा अभय बंसल आदि ने अपने विचार रखे। इस कार्यक्रम के उपरांत प्रतिनिधिमंडल के सदस्यों ने एमिटी विश्वविद्यालय के केन्द्रीय पुस्तकालय, एमिटी इनोवेशन इंक्यूबेटर, एमिटी स्टूडियो आदि का भ्रमण भी किया।


